![]()
मानसून के अंतिम दौर में झज्जर में किसानों के साथ साथ अब ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है। ड्रेन नंबर 8 को लेकर गावों में मुनादी करा दी गई है। वहीं ड्रेन में उगी सरनालियों को भी हटवा दिया गया है। लगातार हो रही बारिश के कारण जिले के कई गावों में बाढ़ जैसे हालात हो गए हैं। वहीं ड्रेन पर ठीकरी पहरे के लिए भी ड्यूटी लगाई जा रही है। झज्जर जिले में बारिश के कारण कई क्षेत्रों में बाढ़ जैसे हालात हो गए हैं। जिले के दर्जन भर गावों में गलियों में पानी भर गया है। वहीं गावों में तालाब ओवर फ्लो हो गए हैं। जिसके कारण कई गावों में घरों में पानी घुस गया है। जिले के गांव गिजाड़ौध, खरहर, सुरखपुर, सिलानी व अन्य कई गावों में बारिश के कारण गलियां तालाब में तब्दील हो गई हैं। खरहर गांव के 4 परिवारों ने छोड़ा घर वहीं जिले के गांव खरहर में तालाब ओवर फ्लो होने के कारण घरों में पानी घुसने से 4 परिवारों ने पलायन कर दिया है। घरों को छोड़कर चले गए हैं। वहीं गांव सुर्खपुर में बारिश के कारण गलियों में जलभराव हो गया है और स्कूल में पानी भरने के कारण स्कूल की छुुट्टी कर दी गई है। वहीं झज्जर जिले के गांव जहाजगढ़ और मलिकपुर के स्कूलों में बरसात का पानी भर गया है। ड्रेन नंबर 8 पर लगेगा ठीकरी पहरा जिले के गांव मारौत से ड्रेन नंबर 8 गुजरती है, जो कि फिलहाल खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। जिसको लेकर गांव में सरपंच की ओर से मुनादी कराई गई है कि गांव में कोई भी व्यक्ति नहर की तरफ पशुओं को न लेकर जाए और नहर के पास अगर कोई हलचल दिखती है तो उसकी सूचना तुरंत दी जाए। साथ आज रात से गांव के लोग ड्रेन पर ठीकरी पहरा शुरू करने जा रहे हैं। मारौत गांव के सरपंच मांगेराम ने बताया कि ज्यादा बरसात होने के कारण ड्रेन में अधिक पानी चल रहा है। जिसके कारण ऐहतियात बरते जा रहे हैं। वहीं आज रात हर वार्ड से 2-2 लोग ड्रेन पर ठीकरी पहरा लगाएंगे।


