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फरीदाबाद मंडी में फसल की रिकॉर्ड आवक:किसानों की लगी भीड़, 95 हजार क्विंटल परमल धान, 5 हजार क्विंटल बाजरा भी मंडी में पहुंचा




फरीदाबाद की बल्ल्भगढ़ अनाज मंडी इन दिनों किसानों से खचाखच भरी हुई है। खेतों से निकली नई फसल के साथ किसान बड़ी संख्या में अपनी उपज लेकर मंडी पहुंच रहे हैं। मंडी प्रशासन का कहना है कि इस बार किसानों की आमद रिकॉर्ड स्तर पर है और धान व बाजरे की आवक में लगातार वृद्धि हो रही है। मंडी अधिकारियों के अनुसार, अब तक करीब 96 हजार क्विंटल 1509 किस्म के धान की खरीद निजी वेंडरों द्वारा की जा चुकी है। वहीं 95 हजार क्विंटल परमल धान की खरीद सरकारी एजेंसियों के माध्यम से पूरी की गई है। इसके साथ ही मंडी में लगभग 5 हजार क्विंटल बाजरा भी खरीदा जा चुका है। प्रशासन का दावा-​​​​​​ ‘फसल लिफ्टिंग-भुगतान प्रक्रिया तेजी से पूरी हो रही’ धान की खरीद को लेकर मंडी प्रशासन का दावा है कि इस बार फसल की लिफ्टिंग और भुगतान प्रक्रिया को तेज़ी से पूरा किया जा रहा है ताकि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। हालांकि जब हमारी टीम ने मौके पर पहुंचकर किसानों से बातचीत की, तो हकीकत कुछ अलग ही नजर आई। बल्ल्भगढ़ अनाज मंडी की तस्वीरें… परमल धान की खरीद में भारी दिक्कतें आ रही हैं किसानों ने बताया कि 1509 किस्म के धान की खरीद तो सुचारू रूप से चल रही है, लेकिन परमल धान की खरीद में भारी दिक्कतें आ रही हैं। किसानों का कहना है कि जिन एजेंसियों और मिलर्स को परमल धान की खरीद करनी है, वे अक्सर मंडी में समय पर नहीं पहुंचते। किसानों के मुताबिक, पांच दिनों में सिर्फ दो दिन ही खरीद की जाती है, जबकि बाकी तीन दिन उन्हें मंडी में बेकार इंतजार करना पड़ता है। कई किसानों ने शिकायत की कि मंडी में खरीद प्रक्रिया में देरी से उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसके अलावा अचानक मौसम बदलने और बारिश की संभावना के कारण उन्हें अपनी फसल को सुरक्षित रखना भी मुश्किल हो जाता है। 96 हजार क्विंटल 1509 धान मंडी में पहुंचा इस संबंध में अनाज मंडी मार्केट कमेटी सचिव सचिन इंद्रपाल ने बताया कि अब तक 96 हजार क्विंटल 1509 धान और लगभग 95 हज़ार क्विंटल परमल धान मंडी में आ चुका है। उन्होंने कहा कि इस साल किसानों को सरकार की ओर से दिए गए एमएसपी (न्यूनतम समर्थन मूल्य) के रेट से संतुष्टि है और किसान अपनी फसल बेचने को लेकर उत्साहित हैं।

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