एएसआई सुसाइड केस: मुख्यमंत्री सैनी आज आ सकते हैं रोहतक के लाढ़ोत, इनेलो नेता सुनैना चौटाला भी गांव पहुंचेंगी
रोहतक की साइबर सेल के एएसआई संदीप लाठर का शव उसके मामा के गांव लाढ़ोत में रखा हुआ है।
रोहतक की साइबर सेल के एएसआई संदीप लाठर का शव उसके मामा के गांव लाढ़ोत में रखा हुआ है।
फतेहाबाद जिले के टोहाना शहर में रेलवे रोड स्थित मार्केट में खरीदारी करने जा रही एक महिला से मोटरसाइकिल सवार दो युवकों ने 15 ग्राम का मंगलसूत्र छीन लिया। यह घटना उस समय हुई जब महिला अपनी ननद के साथ स्कूटी पर बाजार जा रही थी। मॉडल टाउन निवासी अनु अपनी ननद के साथ सैनी चौक से गुजर रही थीं, तभी पीछे से आए मोटरसाइकिल सवार दो बदमाशों ने उनके गले से मंगलसूत्र झपट लिया। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी रेलवे रोड की तरफ फरार हो गए। आरोपियों ने अपना चेहरा कपड़े से ढका हुआ था। महिला के शोर मचाने पर आसपास के दुकानदार जमा हो गए। सूचना मिलने पर डीएसपी उमेद सिंह मौके पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू की। पुलिस टीम घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि आरोपियों की पहचान की जा सके। स्थानीय दुकानदारों ने शहर में बिगड़ती कानून व्यवस्था पर चिंता व्यक्त करते हुए प्रशासन से इसे मजबूत करने की मांग की है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि महिला की शिकायत के आधार पर कार्रवाई शुरू कर दी गई है और सीसीटीवी फुटेज के विश्लेषण के बाद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया जाएगा।
शराब कारोबारी का फोन जांच के लिए लिया गया है।
कुरुक्षेत्र में ढांड रोड पर सतलुज यमुना लिंक (SYL) नहर में कूदकर विवाहिता ने सुसाइड कर लिया। महिला को नहर में कूदते देख गोताखोरों की टीम भी उसके पीछे नहर में उतर गई और उसे बाहर निकाल लिया। महिला को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। मृतक महिला की पहचान रीना (40) पत्नी सतपाल निवासी कर्ण टिल्ला मिर्जापुर के रूप में हुई है। महिला मंगलवार शाम करीब 4 बजे अपने घर से निकली थी। कुछ देर बाद उसने मिर्जापुर पुल से नहर में छलांग लगा दी। महिला को नहर में कूदते देख गोताखोर प्रगट सिंह की टीम भी नहर में उतर गई। करीब 7 मिनट के अंदर टीम ने उसे नहर से बाहर निकाल लिया। अस्पताल में मौत गोताखोर प्रगट सिंह ने बताया कि रीना को तुरंत एम्बुलेंस के जरिए LNJP अस्पताल लाया गया। यहां डॉक्टरों ने जांच करके उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना पाकर पुलिस भी अस्पताल पहुंच गई और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। पति से अलग रहती थी रीना रीना के देवर के मुताबिक, उसकी भाभी रीना और भाई सतपाल अलग-अलग रहते थे। उसकी भाभी कुछ दिनों से मानसिक रूप से परेशान चल रही थी। उसका अस्पताल से इलाज चल रहा था। रीना अपनी एक बेटी के साथ रहती थी, जबकि उसका भाई सतपाल अपनी 2 बेटियों के साथ रहता है। आज होगा शव का पोस्टमॉर्टम उधर, केयूके थाना के अंतर्गत ज्योतिसर चौकी पुलिस रीना के परिजनों से पूछताछ कर रही है। उनके बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी और शव का पोस्टमॉर्टम करवाया जाएगा। फिलहाल पुलिस घटना की जांच कर रही है।
Haryana में ASI Sandeep ने क्यों दी अपनी जान? क्या है ADGP Connection? Amar Ujala
हिसार के हांसी में डॉ. बी.आर. अंबेडकर कल्याण सभा ने IPS वाई. पूरन कुमार सुसाइड केस की निष्पक्ष जांच की मांग की। उन्होंने इस संबंध में राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन भेजा है। संगठन ने आरोप लगाया है कि इस केस में राज्य सरकार और प्रशासनिक अधिकारी जांच को प्रभावित करने तथा वरिष्ठ अधिकारियों को बचाने का प्रयास कर रहे हैं। मंगलवार को यह ज्ञापन हांसी के तहसीलदार अनिल कुमार बिढ़ान को सौंपा गया। संगठन के पदाधिकारियों ने ज्ञापन में बताया कि IPS वाई. पूरन कुमार द्वारा जारी किए गए नोट में कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों के नाम सामने आए हैं। इनमें डीजीपी शत्रुजीत कपूर, मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी और पुलिस अधीक्षक नरेन्द्र बिजारनिया शामिल हैं। ज्ञापन में इस बात पर जोर दिया गया है कि इतने वरिष्ठ अधिकारियों के नाम सामने आने के बावजूद, अब तक किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है। सरकार पर जांच प्रभावित करने का आरोप सभा का मानना है कि यह स्थिति दर्शाती है कि राज्य सरकार जांच को प्रभावित कर रही है। ज्ञापन सौंपने से पहले, संस्था के सदस्यों ने स्थानीय अंबेडकर चौक पर एकत्रित होकर प्रदर्शन भी किया था। संगठन ने राष्ट्रपति से इस पूरे मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की है। उन्होंने मांग की है कि राष्ट्रपति हरियाणा सरकार को निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दें। ये लोग रहे मौजूद इस दौरान प्रधान चांद सिंह जनागल, महासचिव कृष्ण कुमार भानखोड, अजय भाटला, जयकिशन न्योलिया सहित बड़ी तादाद में गणमान्य लोग मौजूद रहे।
आम आदमी पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. अनिल रंगा ने पार्टी के पद से इस्तीफा दे दिया और एडीजीपी सुसाइड मामले को लेकर आवाज उठाने का निर्णय लिया है।
सिरसा में एक 82 साल के बुजुर्ग को छेड़छाड़ मामले में 5 साल की सजा सुनाई गई है। यह फैसला मंगलवार को एडिशनल सेशन जज डॉ. नरेश कुमार सिंघल की कोर्ट ने सुनाया। कोर्ट ने दोषी पर 20 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। अगर जुर्माना नहीं भरा तो अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी। एडवोकेट अमित मेहता ने बताया कि, यह मामला साल 2022 का था। पीड़ित बच्ची के साथ दोषी बुजुर्ग ने छेड़छाड़ की थी। ऐसे में कोर्ट ने उसे यह सजा सुनाई है। पुलिस को दी शिकायत में गांव निवासी छात्रा ने बताया था कि वह 31 मई 2022 को पड़ोस की दुकान पर सामान लेने के लिए गई थी। उस दौरान उसे दुकान पर पड़ोस का अंकल मिला और उसे कोल्ड ड्रिंक पिलाई और कहा कि यहीं खड़ी रह, मैं अंदर से सामान लेकर आ रहा हूं। बाहों में जकड़ कर की छेड़छाड़ शिकायत के अनुसार, अंकल ने उसे चारपाई पर बैठा दिया और उसके पास आकर बैठ गए। उसे जबरदस्ती अपनी बाहों में जकड़ लिया और उसकी गालों को चूमने लगा। उसने शोर मचाया तो कहा कि वह उसे मार देगा। वह डर गई और तभी वहां आवाज देता हुआ उसका भाई आ गया और उसे देखकर अंकल ने उसे छोड़ दिया। वह रोती हुई अपने घर आ गई और सारी बात माता-पिता को बतलाई। इसके बाद परिवारजन पुलिस थाने में लेकर पहुंचे। महिला लीगल एडवाइजर चंचल रानी के समक्ष पेश की और उसने पीड़ा बताई।
रिश्वत कांड में गिरफ्तार एडीजीपी वाई पूरण कुमार के सुरक्षाकर्मी सुशील कुमार के लक्ष्मी नगर में किराये पर लिए घर पर सात दिन से ताला लगा है।
नारनौल में मंगलवार शाम स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नांगल चौधरी कस्बे में 4 मेडिकल स्टोरों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई ड्रग कंट्रोल ऑफिसर प्रशांत की अगुआई में की गई। टीम के साथ स्थानीय पुलिस भी मौजूद रही, जिसने जांच के दौरान सहयोग किया। टीम के अचानक पहुंचने की सूचना मिलते ही इलाके के कई अन्य मेडिकल स्टोर संचालकों ने अपनी दुकानें बंद कर दीं और मौके से चले गए। विभाग ने शांति मेडिकल स्टोर, जय मां दुर्गा मेडिकल स्टोर, त्रिमूर्ति मेडिकल स्टोर और अनाया फार्मेसी में जांच की। मेडिकल स्टोरों पर अनियमितताएं मिली ड्रग कंट्रोल ऑफिसर प्रशांत ने बताया कि कार्रवाई के दौरान गर्भ निरोधक दवाइयों, नशे में प्रयोग होने वाली दवाइयों तथा एमटीपी किट की जांच की गई। जांच में कुछ मेडिकल स्टोरों पर अनियमितताएं पाई गई हैं, जिनकी रिपोर्ट तैयार की जा रही है। उन्होंने कहा कि रिपोर्ट के आधार पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी और इस तरह की अचानक जांचें आगे भी समय-समय पर की जाती रहेंगी, ताकि अवैध रूप से दवाइयों की बिक्री पर नियंत्रण रखा जा सके।